विकास प्राधिकरण के आबंटित प्लॉट या मकान के हस्तांतरण का शपथ पत्र

एचएसवीपी, गमाडा, पुडा, ग्लाडा या नगर सुधार ट्रस्ट के आबंटित प्लॉट या मकान का हस्तांतरणकर्ता या हस्तांतरिती: कोई विवाद, ऋण या अन्य इक़रारनामा नहीं, बकाया चुकता, और आबंटन की शर्तें स्वीकार।

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काग़ज़ की शुरुआत

दस्तावो के नमूना विवरण के साथ; लोग और जगहें काल्पनिक हैं। नीले शब्द वे हैं जो आप भरते हैं।

शपथ पत्र

(आबंटित प्लॉट या मकान का हस्तांतरण)

मैं, अनिल वर्मा पुत्र श्री रमेश वर्मा, आयु लगभग 31 वर्ष, निवासी मकान नं. 204, सेक्टर 9, शांतिपुर, ज़िला शांतिपुर, हरियाणा, शपथपूर्वक निम्नलिखित बयान करता हूँ:-

1.यह कि मैं रिहायशी प्लॉट नं. 517, सेक्टर 12, शांतिपुर, रक़बा 250 वर्ग मीटर (आगे "उक्त संपत्ति") का आबंटी व मालिक हूँ, जो हरियाणा शहरी विकास प्राधिकरण (एचएसवीपी) द्वारा पुनः-आबंटन पत्र नं. EO/SPR/2019/0000 दिनांक 14-08-2019 के अंतर्गत आबंटित है, और प्राधिकरण के रिकॉर्ड में मेरे नाम दर्ज है।

2.यह कि मैंने उक्त संपत्ति बिक्री द्वारा ₹65,00,000 (पैंसठ लाख रुपये मात्र) में कबीर शर्मा पुत्र श्री देव शर्मा, आयु लगभग 44 वर्ष, निवासी मकान नं. 7, बसंत विहार, अमरनगर, तहसील व ज़िला अमरनगर, पंजाब (आगे "हस्तांतरिती") के नाम करने की सहमति दी है। मैं प्राधिकरण से अनुरोध करता हूँ कि उक्त संपत्ति हस्तांतरिती के नाम कर दी जाए; मुझे इस पर कोई आपत्ति नहीं है।

3.यह कि उक्त संपत्ति कहीं रहन नहीं है; न वह कुर्क है, और न किसी अदालत या प्राधिकरण में उसके बारे में कोई मामला लंबित है। मैंने इसे किसी और को बेचने का कोई इक़रारनामा नहीं किया है, न किसी को इसका ऐसा मुख़्तारनामा दिया है जो अभी लागू हो, और इसमें किसी और का कोई अधिकार नहीं है।

बाक़ी काग़ज़ दस्तावो में है।

साथ क्या लाएँ

साथ लाने वाले काग़ज़

कहाँ जाना है

ओथ कमिश्नर या नोटरी के सामने तस्दीक़ के बाद हस्तांतरण आवेदन के साथ प्राधिकरण (एचएसवीपी, गमाडा, पुडा, ग्लाडा या नगर सुधार ट्रस्ट) के एस्टेट ऑफ़िस में दाख़िल होता है, अक्सर पहले ऑनलाइन; दोनों पक्षों को मूल पहचान पत्र के साथ हाज़िर होना पड़ सकता है।

फ़ीस

प्राधिकरण अपनी नीति के अनुसार हस्तांतरण फ़ीस और अन्य शुल्क लेता है; शपथ पत्र का ई-स्टाम्प और तस्दीक़ की फ़ीस काउंटर पर दी जाती है। आज की राशि पूछें।

ध्यान दें

काग़ज़ और फ़ीस बदल सकते हैं। जाने से पहले दफ़्तर से पूछ लें। केवल जानकारी के लिए, अभी वकील ने नहीं जाँची।

स्टाम्प पेपर

पंजाब: शपथ पत्र प्रायः ई-स्टाम्प पेपर पर लिखा जाता है (अधिकृत ई-स्टाम्प केंद्र से लें, वहीं मौजूदा शुल्क पूछें) और ओथ कमिश्नर या नोटरी के सामने तस्दीक़ होता है। कई सरकारी सेवाओं में अब स्व-घोषणा भी मान्य है।

हरियाणा: ई-स्टाम्प पेपर का प्रयोग करें (अधिकृत विक्रेता; मौजूदा शुल्क जाँचें) और ओथ कमिश्नर या नोटरी के सामने तस्दीक़ करवाएँ।

चंडीगढ़: अधिकृत केंद्र से ई-स्टाम्प पेपर (मौजूदा शुल्क जाँचें); ओथ कमिश्नर या नोटरी के सामने तस्दीक़।